Balrampur News: बलरामपुर जिले की
कोतवाली नगर पुलिस ने पंजाब नेशनल बैंक (नहरबालागंज शाखा) में हुए करोड़ों रुपए के घोटाले का पर्दाफाश करते हुए तत्कालीन शाखा प्रबंधक और एक सहयोगी को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने फर्जी दस्तावेजों और खातों के जरिए लगभग 12 करोड़ 03 लाख 37 हजार रुपए का गबन किया था।
मामले का खुलासा तब हुआ जब पीएनबी अयोध्या सर्किल ऑफिस के चीफ मैनेजर ने लोन अनियमितताओं की शिकायत दर्ज कराई। विभागीय जांच में सामने आया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक महेश त्रिपाठी और उनके सहयोगियों ने बिना सक्षम अनुमति के दर्जनों फर्जी लोन खाते खोले और रकम निकाल ली।
पुलिस अधीक्षक बलरामपुर विकास कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर थाना कोतवाली नगर में मु0अ0स0 197/25 धारा 316(2), 316(5), 319(2), 318(4), 337, 338, 336(3), 340(2) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। जांच के बाद प्रभारी निरीक्षक सुधीर सिंह की टीम ने मुख्य आरोपी महेश त्रिपाठी (निवासी लखनऊ) और उनके सहयोगी समरजीत सिंह (निवासी गोंडा, संचालक पीएसपी कंस्ट्रक्शंस) को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया।
पूछताछ में बड़ा खुलासा
गिरफ्तार दोनों आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि महेश त्रिपाठी ने समरजीत सिंह के साथ मिलकर करीब 46 फर्जी लोन खातों के माध्यम से 8 करोड़ 09 लाख 87 हजार रुपए तथा 40 मुद्रा लोन खातों से 3 करोड़ 93 लाख 50 हजार रुपए का गबन किया। यह पूरी राशि ऑनलाइन ट्रांजेक्शन और कैश के जरिए समरजीत सिंह की कंपनी पीएसपी कंस्ट्रक्शंस को ट्रांसफर की गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस घोटाले में अन्य लोगों की संलिप्तता से भी इंकार नहीं किया जा सकता। पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और जल्द ही इसमें शामिल अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल बैंकिंग क्षेत्र में हड़कंप मच गया है, बल्कि ग्राहकों का विश्वास भी हिल गया है। जिले में चर्चाओं का बाजार गर्म है और लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इतनी बड़ी रकम का गबन लंबे समय बिना खुलासा हुए कैसे चलता रहा।






