Balrampur News: बलरामपुर में सपा का एक प्रतिनिधिमंडल सेखुईया गांव में हुई घटना को लेकर एसपी से मुलाकात करने पहुंचा। इस प्रतिनिधिमंडल में सांसद श्रावस्ती राम शिरोमणि वर्मा, विधायक गैसड़ी राकेश यादव, पूर्व जिलाध्यक्ष समाजवादी पार्टी एवं राष्ट्रीय सचिव लोहिया वाहिनी शैलेन्द्र यादव, तथा सपा नेता कृष्ण कुमार गिहार मुख्य रूप से शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधिकारियों से घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता देने का भरोसा दिलाया।
बताया जा रहा है कि कोतवाली नगर क्षेत्र के सेखुईया गांव में हुई हिंसक घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव व्याप्त है। इस घटना में कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। जिनमें महिलाएं भी शामिल हैं। एक व्यक्ति को सिर में गंभीर चोट आई है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि उन्हें लगातार जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं।
घटना के संबंध में विपक्षी पक्ष के कई लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस हमले की साजिश पहले से रची गई थी। हमला करने वालों का उद्देश्य हत्या करना था। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि राहुल सिंह, जो एसडीएम सदर कार्यालय में तैनात हैं और मृतक आश्रित में लेखपाल के पद पर भी कार्यरत हैं, इस पूरे प्रकरण में मुख्य भूमिका निभा रहे हैं।
सांसद वर्मा ने की पीड़ित परिवार से मुलाकात
घटना की जानकारी मिलते ही सांसद श्रावस्ती राम शिरोमणि वर्मा स्वयं सेखुईया गांव पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर पूरी जानकारी ली और बाद में एसपी बलरामपुर से मिलकर घटना का ब्योरा साझा किया। सांसद वर्मा ने दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि “उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।”
पीड़ित परिवार ने सांसद को बताया कि जिला अस्पताल में इलाज के दौरान करीब पांच घंटे की देरी हुई। इस पर सांसद ने कहा कि “सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर दावे तो बहुत करती है, लेकिन जमीनी सच्चाई बिल्कुल विपरीत है।” उन्होंने कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि इतनी गंभीर घटना के बाद भी आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं और पीड़ित परिवार को धमकियां मिल रही हैं।






