Balrampur News: न्यायिक मजिस्ट्रेट उतरौला सिद्धांत सोलंकी ने 32 वर्ष बाद सोमवार को गो-हत्या के मामले में तीन लोगों को दोषी मानते हुए जेल में बिताई गई अवधि की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने दो-दो हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है।
तीनों आरोपियों ने केस दर्ज होने के बाद सात दिन जेल में बिताए थे। उतरौला क्षेत्र के ग्राम भरपुरवा पटियाला ग्रिंट निवासी रउफ, नूर मोहम्मद व फातिमा उर्फ आसमा के खिलाफ गोवध निवारण अधिनियम के तहत पुलिस ने 10 अक्तूबर 1993 को केस दर्ज किया था। विवेचना के बाद न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद न्यायाधीश ने तीनों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई और अर्थदंड भी लगाया।






